IRIS Dena डूबा: ईरान ने दी अमेरिका को 'महाविनाश' की धमकी !

अमेरिका द्वारा ईरान के आधुनिक युद्धपोत IRIS Dena को समुद्र में डुबोए जाने के बाद दोनों देशों के बीच तनाव युद्ध के कगार पर पहुंच गया है। ईरान ने इसे अपनी संप्रभुता पर हमला बताते हुए अमेरिका को 'भीषण परिणाम' भुगतने की खुली चुनौती दी है।

IRIS Dena डूबा: ईरान ने दी अमेरिका को 'महाविनाश' की धमकी !

'भारत के मेहमान पर हमला, पछताएगा अमेरिका...' IRIS Dena वॉरशिप डुबोने पर ईरान आगबबूला !

मिडल ईस्ट की लहरों पर छिड़ी जंग अब बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है। अमेरिका के 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' के दौरान ईरान के सबसे आधुनिक युद्धपोत IRIS Dena को डुबोए जाने के बाद तेहरान ने खुली चुनौती दी है। ईरान ने इस हमले को 'कायरता' करार देते हुए चेतावनी दी है कि अमेरिका ने एक ऐसे जहाज पर हमला किया है जो शांति और दोस्ती का पैगाम लेकर अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा में था।

विशेष रूप से, IRIS Dena वही युद्धपोत है जिसने कुछ समय पहले भारत का दौरा किया था और जिसे भारत के 'समुद्री मित्र' के रूप में देखा जाता था।


ईरान का गुस्सा: "लाल लकीर पार कर दी"

ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) के कमांडर ने सरकारी टेलीविजन पर आकर गरजते हुए कहा कि IRIS Dena केवल एक जहाज नहीं, बल्कि ईरान की समुद्री संप्रभुता का प्रतीक था।

  • बदले की आग: ईरान ने साफ कर दिया है कि वे इस नुकसान को चुपचाप सहन नहीं करेंगे। खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले तेज करने के आदेश दे दिए गए हैं।

  • भारत का मेहमान: IRIS Dena ने 2024 और 2025 में भारतीय नौसेना के साथ कई युद्धाभ्यासों में हिस्सा लिया था। ईरान इस भावनात्मक पहलू का इस्तेमाल कर वैश्विक स्तर पर सहानुभूति बटोरने की कोशिश कर रहा है।


कैसे डूबा IRIS Dena?

अमेरिकी रक्षा मंत्रालय (Pentagon) के सूत्रों के मुताबिक, यह कार्रवाई आत्मरक्षा में की गई थी।

  1. मिसाइल अटैक: अमेरिकी नेवी के USS Carney और USS Eisenhower से दागी गई गाइडेड मिसाइलों ने IRIS Dena के इंजन रूम को सीधा निशाना बनाया।

  2. 100 घंटे की तबाही: अमेरिका पिछले 100 घंटों से ईरान के नौसैनिक बेड़े को चुन-चुनकर निशाना बना रहा है। अब तक 17 जहाजों को डुबोने का दावा किया गया है, जिनमें से Dena सबसे बड़ा नुकसान है।

  3. हवाई हमला: बताया जा रहा है कि हमले के वक्त आसमान में अमेरिकी F-35 लड़ाकू विमानों का पहरा था, जिससे ईरानी जहाज को संभलने का मौका नहीं मिला।


क्षेत्र में बढ़ता तनाव और भारत की चिंता

इस हमले के बाद ओमान की खाड़ी और होर्मुज में तनाव चरम पर है।

  • तेल की कीमतें: कच्चे तेल की सप्लाई बाधित होने के डर से अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें $120 प्रति बैरल के पार निकल गई हैं।

  • भारत का रुख: भारत ने इस क्षेत्र में अपने वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा के लिए INS कोलकाता और INS चेन्नई को अलर्ट पर रखा है। भारत के लिए ईरान एक रणनीतिक साझेदार है, और युद्ध की यह स्थिति नई दिल्ली के लिए कूटनीतिक संतुलन बनाने की बड़ी चुनौती है।

"IRIS Dena को डुबोना अमेरिका का ईरान की कमर तोड़ने का प्रयास है, लेकिन ईरान का पलटवार खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिकी सहयोगियों के लिए बुरा सपना साबित हो सकता है।"