मैं जिंदा हूँ!": नेतन्याहू ने तोड़ी चुप्पी, ईरान को दी खुली चुनौती ...

इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी मौत की अफवाहों को खारिज करते हुए कहा कि वह सुरक्षित हैं और ईरान की परमाणु व मिसाइल क्षमताएं पूरी तरह नष्ट हो चुकी हैं।

मैं जिंदा हूँ!": नेतन्याहू ने तोड़ी चुप्पी, ईरान को दी खुली चुनौती ...

यरूशलेम में एक हाई-प्रोफाइल प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने दुनिया के सामने अपनी "मौजूदगी" और ईरान के खिलाफ जारी जंग की "सफलता" का दावा किया है। 19 मार्च 2026 (स्थानीय समय) को हुई इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में नेतन्याहू ने उन सभी अफवाहों पर विराम लगा दिया जिनमें उनके मारे जाने का दावा किया जा रहा था।


1. "मैं जिंदा हूँ और आप सब गवाह हैं"

पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर नेतन्याहू की मौत की अफवाहें छाई हुई थीं। दावों के मुताबिक 8 मार्च को एक ईरानी मिसाइल हमले में उनकी जान चली गई थी। इन खबरों को खारिज करते हुए नेतन्याहू ने विदेशी पत्रकारों के सामने हंसते हुए कहा:

"सबसे पहले, मैं बस यह कहना चाहता हूं कि मैं जिंदा हूं—और आप सभी इसके गवाह हैं।"

उन्होंने इन खबरों को "फेक न्यूज" करार दिया और कहा कि वह पूरी तरह स्वस्थ हैं और युद्ध का नेतृत्व कर रहे हैं।


2. "ईरान की लीडरशिप खत्म और ब्लैकमेलिंग बंद"

नेतन्याहू ने दावा किया कि अमेरिका और इजरायल के संयुक्त ऑपरेशन 'रोअरिंग लायन' (Operation Roaring Lion) ने ईरान की कमर तोड़ दी है। उन्होंने कहा:

  • यूरेनियम संवर्धन खत्म: ईरान अब यूरेनियम को समृद्ध करने या बैलिस्टिक मिसाइलें बनाने की क्षमता खो चुका है।

  • ब्लैकमेलिंग का अंत: नेतन्याहू ने कहा कि ईरान अब अपनी परमाणु धमकियों से दुनिया को "ब्लैकमेल" नहीं कर सकता।

  • स्ट्रेट ऑफ होर्मुज: उन्होंने ईरान को चेतावनी दी कि 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' (समुद्री मार्ग) को बंद करके दुनिया को डराने की उसकी कोशिशें कभी कामयाब नहीं होंगी।


3. ईरान में सत्ता परिवर्तन की आहट?

नेतन्याहू ने कहा कि ईरान के भीतर अब दरारें दिखने लगी हैं। उन्होंने उल्लेख किया कि ईरान का शीर्ष नेतृत्व अब छिप रहा है और वहां की जनता के पास अब अपनी आजादी को वापस पाने का सुनहरा मौका है। उन्होंने कहा कि "ईरान अब वह विशालकाय डरावना देश नहीं रहा जिससे कोई टकरा नहीं सकता था।"


4. ट्रम्प के साथ मजबूत तालमेल

नेतन्याहू ने इस सैन्य अभियान के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि दोनों देश मिलकर दुनिया को एक बड़े परमाणु खतरे से बचा रहे हैं। उन्होंने साफ किया कि यह युद्ध उम्मीद से कहीं ज्यादा तेजी से खत्म हो सकता है।