कहीं बारिश, कहीं भीषण लू: गुजरात का बदला मिजाज !

गुजरात में अगले 7 दिनों तक साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कारण उत्तर गुजरात, सौराष्ट्र और मध्य गुजरात के कई जिलों में बेमौसम बारिश की संभावना है।

कहीं बारिश, कहीं भीषण लू: गुजरात का बदला मिजाज !

गुजरात में इन दिनों प्रकृति के दो अलग-अलग रंग देखने को मिल रहे हैं। जहां एक ओर सूरज की तपिश लोगों को बेहाल कर रही है, वहीं दूसरी ओर बेमौसम बारिश और चक्रवाती हवाओं ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया है। प्रसिद्ध मौसम विज्ञानी अंबालाल पटेल ने राज्य के मौसम को लेकर नई और महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की है।

यहाँ आगामी 7 से 10 दिनों के मौसम का विस्तृत पूर्वानुमान दिया गया है:


साइक्लोनिक सर्कुलेशन और बेमौसम बारिश

गुजरात के आसमान पर फिलहाल एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन (Cyclonic Circulation) सक्रिय है, जिसके कारण अगले एक सप्ताह तक बारिश का माहौल बना रह सकता है। राज्य के कई हिस्सों में बादल छाए रहेंगे और हल्की से मध्यम बारिश होने की पूरी संभावना है।

इन जिलों में दिखेगा असर:

  • उत्तर गुजरात: बनासकांठा और साबरकांठा जैसे जिलों में धूल भरी आंधी के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

  • सौराष्ट्र और कच्छ: गिर सोमनाथ, जामनगर और राजकोट में छिटपुट बारिश की संभावना है।

  • मध्य और दक्षिण गुजरात: भरूच, पंचमहाल, दाहोद और महिसागर में भी मौसम विभाग ने हल्की बारिश का अनुमान जताया है।

  • अहमदाबाद: शहर में मुख्य रूप से बादल छाए रहेंगे, जिससे उमस (Humidity) बढ़ सकती है।


गर्मी का कहर: क्या टूटेगा 149 साल का रिकॉर्ड?

अंबालाल पटेल के अनुसार, बारिश के इस दौर के बाद गर्मी का एक प्रचंड दौर शुरू होगा। 12 मई के बाद तापमान में भारी बढ़ोतरी देखी जा सकती है।

  • रिकॉर्ड तोड़ गर्मी: अनुमान है कि इस साल मई में गर्मी पिछले कई दशकों के रिकॉर्ड तोड़ सकती है।

  • तापमान का स्तर: मध्य और उत्तर गुजरात के कुछ हिस्सों में पारा $44^\circ\text{C}$ से $45^\circ\text{C}$ तक पहुँचने की संभावना है।

  • हीटवेव की चेतावनी: 11 मई से 20 मई के बीच राज्य के कई शहरों में 'लू' (Heatwave) का प्रकोप रहेगा।


चक्रवात और प्री-मानसून की सुगबुगाहट

मौसम विभाग और अंबालाल पटेल ने समुद्र में होने वाली हलचल पर भी नज़र रखने की सलाह दी है:

  1. बंगाल की खाड़ी और अरब सागर: 15 मई के बाद बंगाल की खाड़ी में एक चक्रवात (Cyclone) विकसित होने की संभावना है। जून के मध्य तक अरब सागर में भी हलचल बढ़ सकती है।

  2. प्री-मानसून गतिविधियाँ: राज्य में 23 मई के आसपास विधिवत प्री-मानसून बारिश शुरू हो सकती है, जो किसानों के लिए खेती की तैयारी का संकेत होगी।

  3. आंधी-तूफान: अगले कुछ दिनों में उत्तर गुजरात में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी हवाएं (Dust Storms) चलने का अनुमान है।


नागरिकों के लिए सलाह

  • दोपहर में बाहर निकलने से बचें: 12 मई के बाद विशेष रूप से दोपहर 12 से 4 बजे के बीच सीधी धूप से बचें।

  • हाइड्रेटेड रहें: गर्मी और उमस के कारण शरीर में पानी की कमी न होने दें।

  • किसानों के लिए: कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थानों पर रखें, क्योंकि अचानक आने वाली आंधी और बारिश फसलों को नुकसान पहुँचा सकती है।

गुजरात में इस बार मई का महीना "कभी धूप-कभी बारिश" वाले अनिश्चित मिजाज के साथ गुजरने वाला है। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों को गर्मी से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दी है।