ईरान-इजराइल जंग:1 अप्रैल से हवाई सफर होगा महंगा !

मिडिल ईस्ट (ईरान-इजराइल) में बढ़ते तनाव का सीधा असर अब आपकी जेब पर पड़ने वाला है। कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण Aviation Turbine Fuel (ATF) के दाम बढ़ने की पूरी संभावना है।

ईरान-इजराइल जंग:1 अप्रैल से हवाई सफर होगा महंगा !

ईरान-इजराइल जंग के बिच 1 अप्रेल से महंगा हो सकता है हवाई सफर !

भारत में 1 अप्रैल, 2026 से हवाई सफर वाकई महंगा होने जा रहा है। नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने हाल ही में विशाखापत्तनम में इस बात के स्पष्ट संकेत दिए हैं कि एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में होने वाली आगामी वृद्धि का असर यात्री किराए पर दिखेगा।

महंगाई के मुख्य कारण

  • भू-राजनीतिक तनाव: मिडिल ईस्ट (खासकर ईरान और इज़राइल के बीच) में बढ़ते तनाव और खाड़ी युद्ध जैसी स्थिति के कारण वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आया है। स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज़ जैसे महत्वपूर्ण व्यापारिक मार्गों में बाधा आने से सप्लाई चेन प्रभावित हुई है।

  • ATF की कीमतों में संशोधन: भारत में तेल कंपनियां हर महीने की पहली तारीख को जेट फ्यूल (ATF) की कीमतों की समीक्षा करती हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल के दाम बढ़ने से 1 अप्रैल को ATF की कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी तय मानी जा रही है।

  • फ्यूल सरचार्ज (Fuel Surcharge): कई एयरलाइंस ने लागत के बोझ को कम करने के लिए पहले ही 'फ्यूल सरचार्ज' लगाना शुरू कर दिया है।

    • Air India ने घरेलू टिकटों पर ₹399 का सरचार्ज लगाया है।

    • Akasa Air और IndiGo ने भी दूरी के हिसाब से अलग-अलग सरचार्ज लागू किए हैं।

सरकार का कदम

केंद्र सरकार ने हाल ही में हवाई किराए की ऊपरी सीमा (Airfare Caps) को भी हटा दिया है। इसका मतलब है कि अब एयरलाइंस मांग और लागत के आधार पर टिकटों के दाम तय करने के लिए स्वतंत्र हैं। हालांकि, सरकार का कहना है कि वे पेट्रोलियम और विदेश मंत्रालय के साथ मिलकर स्थिति पर नज़र रख रहे हैं ताकि यात्रियों पर बोझ कम से कम पड़े।

यात्रियों पर असर

  • घरेलू उड़ानें: टिकट की कीमतों में औसतन ₹400 से ₹1,000 तक की बढ़ोतरी देखी जा सकती है।

  • अंतरराष्ट्रीय उड़ानें: लंबी दूरी की उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज और भी अधिक हो सकता है, जिससे विदेश यात्रा काफी महंगी हो जाएगी।